The first 200 lines.
NETFLIX ओरिजिनल डॉक्यूमेंट्री
मैं यह ज़ोर कर पढ़ता हूँ क्योंकि...
तो, यह एक पत्र है...
ग्रेटर लन्दन के मृत्यु समीक्षक का।
दक्षिण... अंदरूनी दक्षिण लन्दन के मृत्यु समीक्षक का।
मेरे पिता को।
15 मार्च, 2005, को भेजा गया था।
इसमें लिखा है,
"प्रिय श्री वॉन आइंसडेल,
अपके बेटे के आख़िरी पत्र को ले कर आपकी पत्नी की आज की इच्छा के अनुसार,
यह यहाँ संलग्नित पाएँ।
दुख है कि यह बुरी हालत में है।
इसको मुझे ऐसे ही भेजा गया था।
जहाँ तक मुझे याद है,
जब वह मिला था यह उसकी पतलून की जेब में पाया गया था।
अगर मैं और मदद कर सकता हूँ तो बेझिझक मुझ से संपर्क करना।
भगवान, मुझे इसे देखने में बहुत डर लग रहा है।
ए, स्वागत है,
मैं इवेलिन हूँ।
यह दो मिनट की फ़िल्म है मेरे जीवन और मेरे परिवार के बारे में।
आओ।
आओ और उनसे मिलो।
यह मेरी बहन का कमरा है।
और यहाँ ऑरलैंडो है, यह मेरा बड़ा भाई है।
तुम कौन हो?
क्या यह तुम्हारी वीडियो डायरी है?
अगर तुम यह वीडियो डायरी बनाते रहे तो मुझे तुम्हें पिटना पड़ेगा।
क्या तुम एक स्नोबोर्डर हो?
-ग्वेंनी? -मुझे सड़कों से प्यार है।
यह मेरी बहन है।
ए।
मैं फ़ोन उठाने जा रहा हूँ।
-कहाँ जा रही हो? -मैं फ़ोन उठाने जा रही हूँ।
मुड़ो।
वापस आओ।
ज़रा ठहरो।
कोई टिप्पणियाँ नहीं, ठीक है?
मैं चाहता हूँ प्रेस अभी यहाँ से निकालो।
यह टैन्ज़ी है। टैन्ज़ी, कुतिया।
टैन्ज़ी। हलो।
वह क्या है? वाओ वाओ।
वाओ, वाओ।
-इसे क्या हुआ? -यह मेरा छोटा भाई है।
बढ़िया।
इ, क्या बाद में मेरे स्केट की फ़िल्म ले सकते हो?
हाँ, यार।
स्केटबोर्ड।
-हाई, माँ। क्या हो रहा है? -हलो।
कुछ नहीं।
हे मेरे भगवान!
यह मेरी माँ हैं। यह हमारी रसोई है।
यह किसके लिए है?
हाँ हमारा कुकर है। कुत्ता।
भेड़िया कुत्ता।
भेड़िया कुत्ता।
आइंसडेल घर प्रदर्शनी एक में बस इतना ही।
13 साल पहले मेरे सुंदर भाई में अपनी जान ले ली।
इसके कारण एक ऐसा घाव लगा जो कभी भरा नहीं।
मैं ऑरलैंडो वॉन आइंसडेल हूँ
और मैं फ़िल्में बनाता हूँ।
मैं जो फ़िल्में बनाता हूँ वो ज़्यादातर संघर्ष के क्षेत्रों की होती हैं।
अपने आप को जोख़िम भरी स्थितियों में डालना।
यह एत ऐसी बात है जिस से मुझे परेाशानी नहीं होता।
मैं हमेशा अपनी सीमाएँ पार करने की कोशिश की है।
पर इस सब के बावज़ूद, जो मेरे भाई के साथ हुआ और वह कैसे मरा,
मैं इस बारे में बात नहीं कर पाता।
उसका नाम बोलना भी मेरे लिए कठिन है।
उन बातचीत को खोड़ कर
जहाँ मुझे लगभग बोलने पर मज़बूर किया गया,
मैं उसके बारे में बिल्कुल बात नहीं करता।
और मेरे भाई और बहन ग्वेंनी और रोबिन भी ऐसा नहीं करते।
इसलिए ही तुम्हें बहुत कम पैसे मिलते हैं।
मेरे भाई चो चलना बहुत पसंद था।
और हमने निर्णय लिया कि जिन बातों का हम सामना नहीं कर पाए
उनका सामना करेंगे पाँच हफ्ते उन ज़गहों मे घूम कर जहाँ हमने उसके साथ समय बिताया था।
और रास्तें में हमारा परिवार और उसके अच्छे दोस्त हमारे साथ मिलेंगे।
आज मुझे बहुत घबराहट हो रही है।
इसे शुरू करने से पहले
हम क्या करने वाले हैं उसके बारे में थोड़ी बात तो करनी ही पड़ी है।
पर एक बात है...
एक तरह से...
एक ऐसा स्थान जहाँ...
मैं घूमने बारे को ले कर बात कर सकता हूँ
और यह जानते हुए कि हम इवेलिन के बारे में बात करेंगे।
पर अगर मैं उससे आगे कोई बात करता हूँ, तुरंत, इस समय भी उस बारे में बात करते हुए...
स्कॉटलैंड
कएरनगोर्म राष्ट्रीय पार्क पर्वतीय क्षेत्र
इवेलिन आध्यात्मिक था।
वह हमेशा सोचता था--
वह एक अलग ही स्तर पर था।
इवेलिन के बहुत ही कम ख़ास दोस्त थे।
वह ज़्यादा जश्न करना और लोगों से मिलना पसंद करने वालों में से नहीं था।
उसे अकेले रहना ज़्यादा पसंद था।
बस पिछले साल ही,
मेरी शरद ऋतु में ऑरलैंडो से बात हुई,
और बड़े बाई की तरह,
वह समय समय पर मेरे से बात करता है, पूछता है, तुम कैसी हो?
तुम सच में कैसी हो? क्या तुम खुश हो?
और मैं बस... मैं रोने लग गई।
और मैंने कहा मैं इवेलिन की यादों को ले कर संघर्ष कर रही हूँ
और इस बात को ले कर भी कि हम सब ने कभी इस बारे में बात नहीं की है।
और यह सैर उन ज़गहों पर जहाँ हम इवेलिन के साथ घूमें थे,
हमें एक बहुत ही असाधारण मौका देती है बात करने का,
याद करने का,
और शायद उस समय
जो हम सबने महसूस किया और जो इवेलिन ने महसूस किया उसको समझने का।
क्या इवेलिन ऑरलैंडो से लंबा था?
एक समय वह था।
जब वह उम्र में बड़ा हुआ।
पर जब वो शिशु थे तब नहीं?
नहीं, ऑरलैंडो को खेल-कूद पसंद था, इवेलिन को खेल-कूद पसंद नहीं था।
यह एक घाव भरने की प्रक्रिया होगी,
या एक ऐसी बात जो हमें अपने परिवार
और अपने अंदर आत्मनिरीक्षण करने देगी,
और जिन चीज़ों के बारे में हमने बात नहीं की है उनका सामना खुल कर कर सकने की
और वैसे नहीं जेसे--
इस चर्चा से बचने के बज़ाये हम इसका सामना कर पाएँगे।
उन बातों को इस तरह से अपनाना जो हम 15 साल पहले नहीं कर पाए थे।
एक इंसान के तौर पर
इससे बहुत मदद मिलती है।
मैं यही आशा करता हूँ। मेरा मतलब है मुझे लगा इसलिए ही हम ऐसा कर रहे हैं।
हाँ, मुझे लगता है यह बहुत बढ़िया विचार है।
आपने इसका कैसे मुकाबला किया, माँ?
-मैंने इसका मुकाबला कैसे किया? -हाँ।
मुझे लगता है शुरू में जब यह हुआ, मैं डर गई थी कि मैं इसके कारण मर जाऊँगी।
मुझे लगा मैं ज़मीन पर गिर जाऊँगी और मुझे दिल का दौरा पड़ जाएगा।
इसलिए...
यब बहुत ही-- मैं अपने आप से भी यह सच नहीं कह सकती थी कि यह कितना डरावना था
क्योंकि "डरावना" शब्द कहते हुए भी
या "भयानक," मुझे पर घबराहट का हमला होता था।
बस उस शब्द को कहते हुए।
इसलिए मैं जितना कर सकती थी
उतना ध्यान केंद्रित करती दूसरी चीज़ों पर इस सदमे का मुकाबला करने के लिए।
हर जन्मदिन और क्रिसमस पर मैं बहुत ही ज़्यादा और बहुच ही दुखी हो कर शोक मनाती
और फिर, जानते हो,
कभी-कभी कोई चीज़ उसकी याद दिला देती थी।
कोई शब्द या किसी का चेहरा।
मैं पिछले 13 सालों में...
उन लोगों से मिली हूँ जो मुझे इवेलिन की याद दिलाते हैं।
-मैं भी। -और एक था, मुझे जा कर उसी बाँह पड़कनी पड़ी,
और मैंने सोचा अगर इवेलिन जिन्दा रहता तो वह ऐसा ही होता।
और मुझे कहना पड़ा, "मुझे माफ़ करो, तुम मेरे बेटे इवेलिन की तरह दिखते हो।"
मैं विश्वास नहीं कर सकती।
वह बस मुस्कराया और उसकी मुस्कान इवेलिन जैसी थी।
इवेलिन मेरा दूसरा बेटा था।
और वह बहुत ही बुद्धिमान था
और पढ़ाई के सालों में वह इसमें और भी आगे बढ़ा।
और... सब उससे प्यार करते थे।
और इवेलिन जो बहुत ही बुद्धिमान था, और जिसने जिसने विद्यालय में
रसायन विज्ञान में और दूसरी बातों में इनाम जीते थे और जो एक डॉक्टर बनना चाहता था।
वह बहुत ही देख-रेख करना वाला और एक हमदर्द था।
और जब तक वह 17 या 18 तक वह बिल्कुल ठीक था
और तब उसके साथ कुछ बहुत बुरा हुआ। वह उदास हो गया,
कुछ नहीं कर सकता था।
उसने विद्यालय छोड़ दिया और एक साल की छुट्टी ली।
और अफ्रीका जाने के लिए तरसता था।
इसलिए वह अफ्रीका गया, नामीबिया में,
और उसके पिता ने उसे एक जर्मन परिवार में ज़गह दिलवाई।
और कुछ देर के लिए वह एकदम खुश था।
औप फिर...
अचानक,
उसकी सारी खुशी जो वह हमें फैक्स के द्वाका बताता था
ग़यब हो गई।
जानते हो, इवेलिन, अगले दो-तीन सालों में, वह प्यारा फरिश्ता,
वह एक दानव बन गया।
हम समझ नहीं पाए, या हमने समझने की कोशिश की,
पर जैसा वह बन गया था, इवेलिन ऐसा नहीं था।
आख़िरी के कुछ हफ़्तों में मैंने इ के साथ बहुत समय बिताया।
और में घर पर था जब इवेलिन गया
और जब उसके बाद वह वापस नहीं आया।
और मुझे याद है एक बातचीत जो हमारे बीच हुई थी।
और, जानते हो, मुझे लगता है...
-क्या कहा गया था? -वह ऐसा--
यह--
जब वह स्कॉटलैंड में था और फिर लंडन में,
जानते हो, वह कह रहा था, "मैं अपने आप को मार दूँगा।"
वह ऐसा हमेशा कहता था।
ऐसा नहीं है...
उसने इसकी योजना बनाई।
मुझे लगता है एक साल पहले।
माँ और मैं
ने उसे ऐसा घर पर करते देखा था।
और हम दोनों को उसे कसरती झूले से काट कर उतारना पड़ा था।
पता नहीं अगर हमने इस बारे में कभी बात की है। पर वह नहीं--
हाँ, मुझे याद है तुमने मुझे यह बताया था।
-पता है-- -बहुत ही बुरा था।
किसी ने मुझसे कहा था वो तब करते हैं जब आपको इसकी सबसे कम अपेक्षा होती है।
उन्होंने ऐसा कहा था और बात यह है कि उस रात, पूर्णचंद्र के सामय,
उसे डर का दौरा पड़ा था।
मुझे लगा हमने इस दौरान उसकी मदद की उस रात जब वह जैक से मिलने गया।
अगर मैं सच कहूँ, तो आज ज़्यादातर
मुझे बस उदासी महसूस हुई है।
इसलिए,
मुझे पता नहीं, यह कठिन है। यह सच में थका देता है।
इस बारे में बात करना और...
और यह और भी कठिन लगता है जब मैं देखता हूँ वो सब आज कितने उदास हुए।
यह हम सबके लिए अच्छा है, पर मुझे लगता है यह ख़ास करके रोबिन के लिए अच्छा है।
क्या? बातें करना?
हाँ।
क्यों, क्योंकि तुम्हें लगता है वह...
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